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सिटी ब्यूटीफुल में अशोका ट्री से लड़ी जाएगी ध्वनि प्रदूषण के विरुद्ध लड़ाई

सर्वप्रेम फाउंडेशन व प्रयोग फाउंडेशन ने सेक्टर-29 स्कूल में किया जागरूकता कार्यक्रम
विद्यार्थियों ने पोस्टर मेकिंग व भाषण प्रतियोगिता से दिखाई प्रतिभा
चंडीगढ़।
 सिटी ब्यूटीफुल में ध्वनि प्रदूषण के विरूद्ध जागरूकता अभियान चला रही सर्वप्रेम फाउंडेशन तथा प्रयोग फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में गवर्नमेंट मॉडल हाई स्कूल सेक्टर 29 में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के दौरान अशोका ट्री के माध्यम से ध्वनि प्रदूषण के विरूद्ध अभियान को नया मोड़ दिया गया। इस अभियान में 200 से अधिक स्कूली बच्चे शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान डॉ.रोमिका वढेरा ने बताया कि किस तरह से हेडफोन, ईयर फोन उनकी सुनने की शक्ति को कम कर रहे हैं। बच्चे अक्सर बुलेट से पटाखे बजाकर कैसे किसी व्यक्ति के लिए दुविधा पैदा करते हैं।
सर्वप्रेम फाउंडेशन के प्रतिनिधि एवं विषय विशेषज्ञ संजय ओझा ने विद्यार्थियों को बताया कि ध्वनि प्रदूषण भी अपराध की श्रेणी में आता है। परीक्षा के दिनों में बच्चे  डायल 112 तथा अन्य माध्यमों से ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों के विरूद्ध कार्रवाई करवा सकते हैं।
सर्वप्रेम फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ.प्रेम ओझा ने विद्यार्थियों से ध्वनि प्रदूषण के विरूद्ध सवाल पूछकर उन्हे विषय के बारे में गहन जानकारी प्रदान की और विद्यार्थियों को इस अभियान का ब्रांड एंबेसडर बनने के लिए प्रेरित किया। सही जवाब देने वाले बच्चों को मौके पर ही सम्मानित किया गया। ध्वनि प्रदूषण के विरूद्ध स्कूल में आयोजित पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता में आलिया, खुशी व सिमरन तथा भाषण प्रतियोगिता में तिवांशी,सिमरन तथा रामया ने प्रथम तीन स्थान हासिल किए। पूर्व पार्षद एवं भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष देवेंद्र बबला ने विजेता विद्यार्थियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित करते हुए कहा कि सर्वप्रेम फाउंडेशन तथा प्रयोग फाउंडेशन की तरफ से किया जा रहा प्रयास बेहद सराहनीय है। कार्यक्रम के दौरान सेवानिवृत्त प्रिंसिपल आराधना ओझा ने विद्यार्थियों को ध्वनि प्रदूषण के विरूद्ध जागरूकता फैलाने के लिए शपथ दिलाई।
स्कूल प्रिंसिपल मंजुला खन्ना ने इस आयोजन के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह नया विषय है। इससे विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा। दोनों संस्थाओं ने स्कूल परिसर में अशोका ट्री भी लगाए गए। इस अवसर पर सर्वप्रेम फाउंडेशन के प्रतिनिधि डॉ.अशोक वढेरा, फायर अवेयनेस एंड सेफ्टी एसोसिएशन चंडीगढ़ के अध्यक्ष जसजोत सिंह, प्रयोग फाउंडेशन चंडीगढ़ के अध्यक्ष नितेश महाजन,प्रोजेक्ट इंचार्ज शिवांगी बंसल, स्कूल कोऑर्डिनेटर नीरू शर्मा, सीनियर सिटीजन एसोसिएशन सेक्टर 27 के सचिव नरेश गौतम, भारत विकास परिषद ईस्ट वन की अध्यक्ष नीलम गुप्ता, समाज सेवी डेजी महाजन समेत कई गणमान्य मौजूद थे।

ध्वनि प्रदूषण से कैसे लड़ता है अशोका ट्री

अशोक का पेड़ अपनी घनी पत्तियों और लंबी संरचना के कारण एक प्राकृतिक ध्वनि अवरोधक (साउंड बैरियर) की तरह काम करता है। यह ध्वनि तरंगों को सोखकर और उन्हें विक्षेपित कर के शोर के स्तर को 64 डी.बी. से नीचे लाने में मदद करता है। इसकी घनी, लंबी और मोटी पत्तियां ध्वनि तरंगों को अपने अंदर सोख लेती हैं, जिससे शोर का स्तर कम हो जाता है।  सडक़ों के किनारे या घनी आबादी वाले क्षेत्रों में अशोक के पेड़ों की कई कतारें लगाई जाती हैं, जिन्हें 'ग्रीन मफलर' कहा जाता है। यह यातायात के शोर को लोगों तक पहुँचने से रोकता है।

 
 
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