
डीन प्रोफेसर पमनानी ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर आयोजित प्रतियोगिताओं में विजेता विद्यार्थियों को किया पुरस्कृत
पंचकूला। राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान (एनआईए) के डीन प्रोफेसर गुलाब चंद पमनानी ने कहा कि विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं रहना है, बल्कि प्रतियोगी गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए, क्योंकि इससे उनके व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास होता है और उनमें नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास तथा प्रतिस्पर्धात्मक सोच विकसित होती है।
सोमवार को डीन प्रोफेसर गुलाब चंद पमनानी ने विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता और अंतरराष्ट्रीय दिवस पर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं विद्यार्थियों को स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र भेंट कर पुरस्कृत किया। सम्मान समारोह में पहुंचने पर डीन इंचार्ज प्रोफेसर सतीश गंधर्व ने उनका पुष गुच्छ भेंट कर स्वागत किया। वहीं, डीन इंचार्ज प्रोफेसर सतीश गंधर्व का प्रोफेसर प्रह्लाद रघु ने पुष्प गुच्छ के साथ स्वागत किया। आयुष मंत्रालय भारत सरकार के तत्वाधान में राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान के कुलपति प्रोफेसर (डॉ.) संजीव शर्मा के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों के शैक्षणिक, सांस्कृतिक और स्वास्थ्य संबंधी कार्यक्रमों में भागीदारी को लेकर प्रतिबद्ध है।
उन्होंने निशुल्क स्वास्थ्य जांच चिकित्सा शिविर में सराहनीय सेवाओं के लिए संस्थान के चिकित्सकों को सम्मान-पत्र भेंट कर सम्मानित किया। मंच का संचालन असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. पूजा हसन जी ने किया और उन्होंने योग दिवस पर आयोजित विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की।
प्रोफेसर गुलाब चंद पमनानी ने प्रयोग फाउंडेशन के सौजन्य से मनीमाजरा में आयोजित निशुल्क चिकित्सा शिविर में अपनी सराहनीय सेवाएं देने पर डीएमएस डॉ. गौरव गर्ग, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. रितेश, असिस्टेंट प्रोफेसर अनुराग कुशल, मेडिकल ऑफिसर डॉ. मानसी ग्रेवाल, मेडिकल ऑफिसर डॉ. भवकीर्ति, डॉ. श्रेया, फार्मासिस्ट अर्शदीप कौर और अंशुल को सम्मानित किया। इसके साथ ही विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर आयोजित पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर रही संस्थान की छात्रा अंजलि, द्वितीय स्थान पर रही नैंसी और निक्की तृतीय स्थान पर रही संजू को पुरस्कृत किया। वहीं, पोस्टर मेकिंग में हिस्सा लेने वाली 11 वर्षीय रिया को प्रशंसा पत्र प्रदान किया गया।